अगर हम क्रिकेट की दुनिया की बात करे तो बीसीसीआई दुनिया का सबसे अमीर क्रिकेट बोर्ड माना जाता है। जी हां बीसीसीआई की कुल संपत्ति आईसीसी से भी ज्यादा है। शायद यही वजह है कि क्रिकेट जगत में बीसीसीआई का सबसे ज्यादा महत्व है। अब बीसीसीआई बोर्ड सभी मेल क्रिकेटर्स को तो करोड़ों में रूपये देती है, लेकिन क्या आप जानते है कि यहाँ भारतीय महिला क्रिकेटर्स की सैलरी कितनी होती। बता दे कि पुरुष क्रिकेटर्स के मुकाबले महिलाओं की सैलरी काफी कम होती है। यहाँ गौर करने वाली बात ये है कि बीसीसीआई ने महिला क्रिकेटर्स टीम को भी तीन भागों में बांटा हुआ है। जैसे कि श्रेणी ए, बी और सी इन तीन भागों में बांटा गया है।
भारतीय महिला क्रिकेटर्स की सैलरी..
सबसे पहले अगर हम ए ग्रेड क्रिकेटर्स की बात करे तो उन्हें पचास लाख रूपये सालाना सैलरी मिलती है। बता दे कि भारतीय महिला टीम की पूर्व कप्तान झुलन गोस्वामी और वर्तमान कप्तान मिताली राज है। ऐसे में मिताली राज अपनी खूबसूरती के लिए और झुलन गोस्वामी अपनी कद काठी के लिए बखूबी जानी जाती है। गौरतलब है कि ए ग्रेड में दो महिला खिलाडी स्मृति मंधाना और हरमनप्रीत कौर का नाम शामिल है।
इसके इलावा बी ग्रेड में छह महिला खिलाडी शामिल है। जिनमें पूनम यादव, वेद कृष्णमूर्ति, राजेश्वरी गायकवाड़, एकता शिष्ट, शिखा पांडे और दीप्ती शर्मा इन सब का नाम शामिल है। इन्हें बीसीसीआई की तरफ से तीस लाख रूपये सालाना मिलते है।
बता दे कि ग्रेड सी में करीब नौ खिलाडियों को जगह दी गई है। जिनमें मानसी जोशी, अनुजा पाटिल, मोना मेश्राम और तानिया भाटिया जैसी कई बेहतरीन खिलाडियों का नाम शामिल है। इन सब को दस लाख सालाना सैलरी मिलती है। हालांकि भारतीय महिला क्रिकेटर्स की सैलरी के इलावा इन्हें मैच फीस भी दी जाती है। यानि इन्हें मैच खेलने की फीस भी अलग से दी जाती है। अब इस बात में कितनी सच्चाई है, ये तो केवल बीसीसीआई ही बता सकती है। दोस्तों आपको यह जानकारी कैसी लगी, इस बारे में हमें अपनी राय जरूर दीजियेगा।



