हम जब किसी भी लैंडलाइन से जब भी मोबाइल फोन पर अब तक कॉल करते थे तो सीधे फोन हम मिला लेते थे लेकिन अब ग्राहकों को एक जनवरी से नंबर मिलाने से पहले शून्य (0) लगाना जरूरी हो गया है। जहां दूरसंचार विभाग ने इससे जुड़े ट्राई के प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया है। भारतीय दूरसंचार विनियामक प्राधिकरण (ट्राई) ने इस तरह के कॉल के लिए 29 मई 2020 को नंबर से पहले ‘शून्य’ (0) लगाने की सिफारिश की थी। इससे दूरसंचार सेवा प्रदाता कंपनियों को अधिक नंबर बनाने की सुविधा मिल सकेगी।
अब डायल करना होगा ये नंबर
दूरसंचार विभाग की बात करे तो 20 नवंबर को जारी एक सर्कुलर में यह कहा गया है कि लैंडलाइन से मोबाइल पर नंबर डायल करने के तरीके में बदलाव की ट्राई की सिफारिशों को अब हर हाल में स्वीकार कर लिया गया है। इससे मोबाइल एवं लैंडलाइन सेवाओं के लिए पर्याप्त मात्रा में नंबर बनाने की सुविधा मिल सकेगी। सर्कुलर जारी होने के मुताबिक उक्त नियम को लागू करने के बाद लैंडलाइन से मोबाइल पर कॉल करने के लिए नंबर से पहले अब शून्य डायल करना पड़ेगा।
अपने क्षेत्र से बाहर भी कर सकते है कॉल
दूरसंचार विभाग ने कहा कि दूरसंचार कंपनियों को लैंडलाइन के सभी ग्राहकों को शून्य डायल करने की सुविधा प्रदान करनी होगी। यह सुविधा अभी अपने क्षेत्र से बाहर के कॉल करने के लिए उपलब्ध है। सर्कुलर में यह भी कहा गया कि फिक्स्ड लाइन स्विच में उपयुक्त एलान किया जाए जिससे फिक्स्ड लाइन सब्सक्राइबर्स को सभी फिक्स्ड से मोबाइल कॉल के लिए आगे 0 डायल करने की जरूरत के बारे में बताया जाए।
भविष्य में जरूरतों को पूरी करेगी ये सुविधा
दूरसंचार कंपनियों ने इस नयी व्यवस्था को अपनाने के लिए एक जनवरी तक का समय दिया गया है। डायल करने के तरीके में इस बदलाव से दूरसंचार कंपनियों को मोबाइल सेवाओं के लिए करीब 254.4 करोड़ रूपये अतिरिक्त नंबर सृजित करने की सुविधा मिलेगी। जो यह सुविधा भविष्य की जरूरतों को पूरा करने में मदद मिल सकेगी।



