हितेश पंत (नई दिल्ली)
कॉमनवेल्थ गेम्स में भारतीय खिलाड़ी नए-नए रिकॉर्ड अपने नाम कर रहे हैं। 15 साल के शूटर अनीश भानवाला ने सोने पर निशाना लगाते हुए एक और मैडल भारत के नाम किया है। अनीश कॉमनवेल्थ में सबसे कम उम्र के स्वर्ण पदक जीतने वाले भारतीय खिलाड़ी बन गए हैं। इससे पहले 16 साल की निशानेबाज मनु भाकर भी स्वर्ण पदक जीत चुकी हैं।
ऑस्ट्रेलिया के गोल्ड कोस्ट में चल रहे कॉमनवेल्थ गेम्स में भारतीय खिलाड़ियों का सोना जीतने का सिलसिला जारी है। भारत के सबसे युवा शूटर अनीश भानवाला ने आज पुरुषों की 25 मीटर रैपिड फायर पिस्टल स्पर्धा में अचूक निशाना लगाया। उन्होंने प्रतियोगिता में 30 अंक पाकर स्वर्ण पदक जीता। इस स्पर्धा में अनीश ने ग्लास्गो में 2014 में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स में ऑस्ट्रेलिया के डेविड चापमैन का रिकॉर्ड भी तोड़ा।
अनीश कॉमनवेल्थ में भारतीय दल के सबसे युवा खिलाड़ी हैं। इस कारण बड़े शूटरों के बीच उनका नाम अभी तक कोई जानता नहीं था। लेकिन कम उम्र में ही उन्होंने बड़े-बड़े रिकॉर्ड अपने नाम कर लिए। पिछले साल अनीश नें वर्ल्ड शूटिंग चैंपियनशिप वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाते हुए जीती। इस प्रतियोगिता में अनीश ने 600 में से 579 अंक बनाकर स्वर्ण पदक जीता।
अनीश सीबीएसई बोर्ड से 10वीं के छात्र हैं। कॉमनवेल्थ में शामिल होने से पहले अनीश की बोर्ड परीक्षाओं का शेड्यूल जारी हो गया था। गेम के दौरान एग्जाम डेट होने के बाद अनीश ने बोर्ड को एक परीक्षा बाद में देने की अनुमति मांगी। कॉमनवेल्थ खिलाड़ी होने के कारण बोर्ड ने उन्हें ये अनुमति दी है। अपने गोल्ड के साथ अनीश ने सभी फैसलों का सही साबित कर दिया है। अब अनीश की इच्छा अभिनव बिंद्रा की तरह ओलंपिक्स में गोल्ड जीतने की है।