आज टोक्यो ओलंपिक में भारत के खिलाड़ियो का सफर अच्छा देखने को मिला। जहां भारत की खिलाड़ी कमलप्रीत कौर ने शानदार प्रदर्शन दिखाकर डिस्कस थ्रो के फाइनल में पहुंच गई है। आपको बता दें कि कमलप्रीत ने पहले प्रयास में ही 60.29 मीटर का थ्रो कर डाला। इसके बाद दूसरे प्रयास में उन्होंने 63.97 मीटर का थ्रो किया।
तीसरे प्रयास में दिखाया शानदार प्रदर्शन
वहीं, भारत के लिए खुशखबरी की बात यह रही कि कमलप्रीत ने तीसरे प्रयास में अपना शानदार प्रदर्शन के द्वारा 64 मीटर का थ्रो कर फाइनल में जगह बना ली। जहां वह ग्रुप बी के क्वालिफिकेशन राउंड में दूसरे स्थान पर काबिज रहीं। हालांकि, भारतीय खिलाड़ी सीमा पूनिया की बात करेे तो वह भी फाइनल में पहुंचने से पीछे हर गई। जहां सीमा 31 एथलीटों में से 16 वें स्थान पर बनी रहीं। दरअसल, फाइनल में जगह बनाने के लिए सीमा को शीर्ष 12 में काबिज होना चाहिए था।
यहां की निवासी है कमलप्रीत
आपको बता दें कि कमलप्रीत कौर पंजाब के श्री मुक्तसर साहिब जिले की रहने वाली है। वहीं, कमलप्रीत बचपन में पढ़ाई में कमजोर थी इसलिए खेल के मैदान में वह उतर आई।
इस तरह बनाई ओलंपिक के लिए जगह
जहां उन्होंने पटियाला में आयोजित 24 वें फेडरेशन कप सीनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप में अपने पहले और एकमात्र प्रयास में 65.06 मीटर चक्का फेंककर टोक्यो 2020 के लिए अपनी जगह बना ली। बता दें कि उन्होंने इस प्रक्रिया में 63.50 मीटर के ओलंपिक योग्यता अंक को भी आराम से पार कर लिया था। जहा कमलप्रीत ने 2012 में कृष्णा पूनिया द्वारा स्थापित 64.76 मीटर के रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया।
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