जैसा कि हम सभी जानते है कि वेस्ट बंगाल राज्य के हिमालय की तलहटी में बसा एक खूबसूरत सा सुंदर शहर है दार्जिलिंग। आपको बता दें कि यह किसी समय में ब्रिटिश राज का समर रिजॉर्ट हुआ करता था। वहीं, दार्जिलिंग शहर अपनी वादियों, चाय के बड़े-बड़े बागानों और हिमालयन रेलवे की टॉय ट्रेन के लिए प्रसिद्ध माना जाता है। वहीं, यहां पर कंचनजंगा की पहाड़ियों का बैकड्रॉप इसकी खूबसूरती पर मानो चार चांद लगा देता है।
खास बात
तो ऐसे में अगर आप वेकेशन के लिए अगर आपके मन में किसी ऐसी जगह का ख्याल आ रहा है कि जहां प्रकृति के आसपास आप समय बिता सकें, तो दार्जिलिंग एक अच्छा स्पॉट साबित हो सकता है लेकिन इसके लिए यह जानना आपके लिए जरूरी है कि यहां की खास जगहों के बारे में भी पता हो। आइये हम बात करते है दार्जिलिंग की कुछ ऐसी ही जगहों के बारे में।
दार्जिलिंग का रॉक गार्डन
आपको बता दें कि जब आप दार्जिलिंग पहुंचेगे तो यहां एक जगह है रॉक गार्डन के नाम से जिसे स्थानीय लोगों के बीच ‘बारबोटी गार्डन’ के नाम से जानते है। यह जगह शहर से करीब 10 किमी दूरी पर स्थित है। यह गार्डन परफेक्ट टूरिस्ट प्लेस है। इस गार्डन में छोटी-बड़ी चट्टानों को काटकर बैठने के लिए बेंच बनाई गई हैं।
गर्मियों के मौसम में मिलता है आनंद
जहां बेहद खूबसूरत क्यारियां स्थापित हैं, जो रंग-बिरंगे फूलों से सजी रहती हैं। इसका चुनार झरना एक प्राकृतिक झरना है, जो पर्यटकों को खूब आकर्षित करता है। गर्मियों के मौसम मेंं यहां रंग-बिरंगे लहलहाते फूलों के बीच परिवार के साथ बैठकर झरने को निहारने के लिए यह जगह एकदम बेहतरीन जगह साबित हो सकती है। आपको बता दें कि यहां आप सभी दिनों में सुबह 10 बजे से लेकर शाम करीब 4 बजे तक आ सकते है।
2590 मीटर की ऊंचाई पर स्थित टाइगर हिल
वहीं, दार्जलिंग से करीब 2 हजार 590 मीटर की ऊंचाई पर लगभग 13 किलोमीटर की दूरी पर स्थित टाइगर हिल से सूर्योदय देखना रोमांचित कर देने वाला अनुभव कराता है। हालांकि, आप यहां से कंचनजंगा की चोटियों के मनोहर दृश्य का आनंद उठा सकते हैं। इस जगह की एक और दिलचस्प बात यह है कि यह घूम का शिखर है।
यूनेस्को की विश्व धरोहर में शामिल है स्टेशन
यह यूनेस्को की विश्व धरोहर स्थल के साथ-साथ दार्जिलिंग का सबसे ऊंचा रेलवे स्टेशन भी है। आपको बता दें कि टाइगर हिल की यात्रा का सबसे अच्छा समय आमतौर पर सर्दियों में अक्टूबर, नवंबर और दिसंबर के महीने और शरद ऋतु में फरवरी से अप्रैल के समय का होता है। यहां पर आप सूर्योदय से लेकर सूर्यास्त तक घूम सकते है।
बस्तासिया लूप का रेलवे ट्रैक
तीसरी जगह की बात करें तो यह जगह है बस्तासिया लूप का रेलवे ट्रैक जो दार्जिलिंग की सबसे खूबसूरत रेलवे लाइन कही जाती है। जहां यह ट्रैक एक पहाड़ी और सुरंग के बीच से होते हुए निकाली गई है। आप जब यहां घूमने जाएंगे तो इसके चारों ओर सुंदर फूलों और पौधों की क्यारियां मन मोह लेती हैं। जो कंचनजंगा की बर्फ से भरी पहाड़ियां यहां से बहुत सुंदर दिखाई देती है। जहां आप सुबह 5 बजे से लेकर रात 8 बजे तक घूम सकते है।




