दुनिया की प्रीमियम डिवाइस बनाने वाली कंपनी एप्पल ने एक नयी कंपनी को अधिग्रगहण (Apple acquires Intel) कर लिया है| एप्पल एक ऐसा ब्रांड है जिसके डिवाइस में कमी की जुंजाईश भी नहीं रहती है| फ़िलहाल कंपनी ने इलेक्ट्रॉनिक डिवाइसेस के लिए चिप बनाने वाली शीर्ष कंपनी Intel को खरीद लिया है| Apple कंपनी बीते कई दिनों से अपने डिवाइसेस में लगने वाली चिप के मामले में आत्मनिर्भर बनने के लिये Intel mobile modem खरीदने के लिये बातचीत कर रही है। यह जानकारी सबसे पहले अमेरिकी समाचार पत्र वॉल स्ट्रीट जर्नल ने दी थी। चलिए आपको बता दे आखिर कितने कीमत एप्पल ने चिप के लिए अदा की है|
Intel mobile modem बिजनेस खरीदने में एप्पल ने अदा की इतनी कीमत
एप्पल ने अपनी आत्मनिर्भरता को बनने के के लिए इंटेल ख़रीदा है| बता दे Apple की ओर से जारी आधिकारिक जानकारी के मुताबिक दोनों कंपनियों के बीच यह सौदा करीब 1 बिलियन डॉलर (करीबन 7,000 करोड़ रुपये) में हुआ है। इस सौदे के तहत Apple ने Intel के स्मार्टफोन्स के लिए मॉडेम बनाने वाले कारोबार का अधिग्रहण (Apple acquires Intel) किया है।
दोनों ही कंपनी के सौदे के बाद 2019 के आखरी तक Intel के 2200 कर्मचारी Apple ज्वॉइन कर लेंगे। इसके साथ ही Apple को इंटेल द्वारा फाइल किए 17,000 पेटेंट भी मिले जाएंगे, जो कि Intel mobile modem आर्केटेक्ट से जुड़े हैं। इसके साथ ही अब 2020 के अंत तक Apple अपना पहला 5G इनेबल iPhone लॉन्च करने का रास्ता पहले से सरल हो गया है|
अगर टेक्नीकल एक्सपर्ट्स की माने तो एप्पल का यह कदम उसे मार्केट में अपने प्रतिद्वंदी कंपनी को टकर देने में सहायक होगा| उसकी प्रतिद्वंद्वी कंपनियां नेक्स्ट जेनेरेशन के 5G नेटवर्स इनेबल स्मार्टफोन लॉन्च कर चुकी हैं। अगले कुछ सालों में मार्केट 5G नेटवर्क इनेबल फोन्स का होगा ऐसे में कंपनी का ये कदम उसके लिए काफी फायदेमंद होगा।
पिछले कुछ समय से Apple क्वालकॉम पर अपनी निर्भरता कम करने तथा फोन की क्षमता बढ़ाने के लिये मोबाइल चिप इकाई में इन्वेस्ट कर रहा है। साथ ही इंटेल ने साल की शुरुआत में कहा था कि Intel mobile modem के मामले में प्रतिस्पर्धा से बाहर निकलने की कोशिश कर रही है। वैसे भी एप्पल और क्वालकॉम के बीच रॉयल्टी को लेकर करीब दो साल तक कानूनी विवाद चल चुका है।



