हितेश पंत (नई दिल्ली)
क्रिकेट के इतिहास में आज का दिन बेहद खास है। आज यानी 16 मार्च भारतीयों के लिए और भी गर्व से भरा है। क्योंकि आज ही के दिन क्रिकेट के भगवान माने जाने वाले सचिन तेंदुलकर ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का एकमात्र शतकों का शतक लगाया था। सचिन के इस महाशतक से पहले और उसके बाद आज तक कोई अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी ये कारनामा नहीं कर सका है।
बात साल 2011 की है। सचिन आईसीसी क्रिकेट वर्ल्ड कप 2011 में भारतीय टीम के अहम खिलाड़ी के तौर पर खेल रहे थे। विश्वकप में 12 मार्च 2011 को साउथ अफ्रीका के साथ हुए मैच में सचिन तेंदुलकर ने अपना 99वां शतक लगाया। इस शतक के बाद ही दुनियाभर में सचिन के प्रशंसक उनके सौवें शतक को लेकर उत्साहित थे। उत्साह इसलिए भी ज्यादा था क्योंकि इससे पहले कोई खिलाड़ी सौ शतक नहीं बना सका था।
वर्ल्ड कप के बाद भारतीय क्रिकेट टीम 2011 के अंत में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ चार टेस्ट मैचों की सीरीज खेलने गई। सचिन के प्रशंसक सचिन के सौवें शतक के इंतजार में खास तौर पर सीरीज देख रहे थे। लेकिन सचिन शतक के लिए नहीं, टीम को जिताने के लिए खेल रहे थे। सचिन इस सीरीज में शतक नहीं लगा सके। उल्टा उनकी खराब फॉर्म को लेकर सब जगह बातें होने लगी।
सचिन तेंदुलकर के सौवें शतक का इंतजार अब एक साल का हो गया था। मार्च 2012 में भारतीय टीम बांग्लादेश में वनडे मैचों की सीरीज खेलने गई थी। 16 मार्च 2012 को बांग्लादेश के खिलाफ वनडे मैच खेलते हुए सचिन के प्रशंसकों का इंतजार खत्म हुआ और इसी दिन उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का सौंवा शतक लगाया। इस मैच में सचिन ने 147 गेंदों में 114 रन बनाए, जिनमें 12 चौके और 1 छक्का शामिल है। लेकिन इस मैच में भारतीय टीम को हार का सामना करना पड़ा था।
सचिन तेंदुलकर ने 463 इंटरनेशनल वनडे मैच खेले हैं। जिनमें 49 शतक और 96 अर्ध शतक की मदद से 18426 रन बनाए हैं। इसके साथ ही उन्होंने 200 टेस्ट मैचों में 15921 रन बनाए हैं जिसमें 51 शतक शामिल हैं। सचिन का शतकों के शतक का रिकॉर्ड अभी तक कोई अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी नहीं तोड़ सका है। सचिन तेंदुलकर ने नवंबर 2013 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से सन्यास ले लिया था।


