बॉलीवुड के मशहूर एक्टर अजय देवगन की अधिकतर फिल्म एक पारिवारिक होती है। इनकी फिल्मों में देखा जाए तो बोल्ड सीन अथवा किसिंग सीन कभी नहीं होती है।अजय देवगन जिस प्रकार अपने निजी जिंदगी में एक संस्कारिक अथवा पारिवारिक संबंधों से जुड़े होते हैं । उसी प्रकार ये अपनी फिल्मी दुनिया में भी इन सभी बातों का उतना ही महत्व देते हैं।अभी हाल में ही एक इंटरव्यू के दौरान अजय देवगन ने कहा कि, उनकी अधिकतर फिल्म पारिवारिक होती है । और मैं अधिकतर वही फिल्म करता हूं, जो फिल्म एक परिवार साथ में बैठकर कम्फर्टेबल तरीके से देख सकता है। किसिंग सीन की वजह से एक पारिवारिक दृश्य में बांधा नहीं डाल सकता।और आगे कहते हैं कि, मैं भी अपने परिवार के साथ फिल्म देखना पसंद करता हूं। और बहुत से लोग अपने परिवार के साथ फिल्म देखना पसंद करते हैं। इन सब कारणों से मैं अपनी फिल्मों में कभी भी किसिंग सीन को करने की इजाजत नहीं देता। और ना ही मेरी इसकी कोई मांग होती है। जब कोई परिवार आपकी फिल्म को देखने आता है। तो यहां पर मेरी जिम्मेदारी होती है, की उनको फिल्म से जुड़े कहानी अथवा एक्टिंग से उनका मनोरंजन हो। और कहते हैं कि जब कोई परिवार सभी लोग साथ में फिल्म देखने जाते हैं। तो उनके साथ बच्चे भी होते हैं। किसिंग सीन से लोगों को अनकम्फर्टेबल महसूस होता है। यही सब कारण है कि मैं वही फ़िल्म को चुनता हूं। जिस फिल्म में इस तरह की सीन कि कोई नौबत ही ना आए।
परंतु अजय देवगन की फिल्म ‘शिवाय’ जो पिछले साल रिलीज हुई थी। और इस फिल्म में किसिंग सीन था। जिस पर अजय देवगन कहते हैं कि, वह सीन एक प्रेम के लिए था। जिसमे इसकी जरुरत थी। और यह सीन फ़िल्म स्क्रिप्ट की मांग थी। इसके बाद वो कहते हैं कि आजकल तो किसिंग सीन हर फिल्म में डाल देते हैं।जो कि एक जबरदस्ती सीन जैसे प्रतीत होता है। यही सब कारण है कि, अजय देवगन कभी भी अपनी फिल्मों में किसिंग सीन का रोल नहीं करते हैं।
कुछ दिनों बाद ही अजय देवगन अपनी नई फिल्म ‘दे दे प्यार दे‘ को लेकर आपके सामने नजर आने वाले हैं।

