हितेश पंत (नई दिल्ली)
आरबीआई द्वारा पिछले सालों में जारी किए गए नए नोट आपके लिए मुसिबत बन सकते हैं। आपके पास रखे 2000 और 200 के नए नोट अगर कट-फट जाएं या गंदे हो जाएं तो इन्हें बदला नहीं जा सकेगा। आरबीआई के मौजूदा नियमों के अनुसार अगर ये नए नोट कटे फटे हों तो इन्हें बैंकों से बदलने की इजाजत नहीं है।
अगर आप रुपयों को सावधानी से जेब ये पर्स में नहीं रखते तो आपको बड़ा नुकसान झेलना पड़ सकता है। नोटबंदी के बाद जारी हुए 2000 और 200 के नोट अगर खराब हालत में हुए तो बैंक से उसके बदले दूसरा नोट नहीं मिलेगा। इन नए नोटों के बदलने का नियम अभी तक जारी नहीं किया गया है। आरबीआई के पत्र में इस बात की पुष्टि हुई है।
आरबीआई ने कटे फटे और गंदे नोटों के एक्सचेंज के बारे में वित्त मंत्रालय को पत्र लिखा है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार इस पत्र का मंत्रालय से कोई जवाब नहीं आया है। इस कारण 2000 और 200 के नोटों एक्सचेंज के नियम के दायरे में नहीं आते हैं। अगर ये नोट गंदे हो जाएं या फट जाएं तो इन्हें न जमा किया जा सकता है और न ही बदला जा सकता है।
रिजर्व बैंक ने 2000 का नोट नवंबर 2016 को जारी किया था, जबकि 200 रुपए का नोट अगस्त 2017 को जारी हुआ था। अभी बाजार में 2000 रुपए के 6.7 लाख करोड़ मूल्य के नोट सर्कुलेशन में हैं। 2000 के नोटों की छपाई बंद कर दी गई है। 200 रुपए के नोट भी तेजी से सर्कुलेशन में आ गए हैं।
जानकारों का कहना है कि 2000 और 200 रुपए के नोट बदलने का नियम न होने के कारण अभी कोई समस्या नहीं है। लेकिन आने वाले दिनों में ये बड़ी मुश्किल पैदा कर सकता है। आरबीआई के नोट रिफंड नियम 2009 के अनुसार महात्मा गांधी सीरीज के नए नोटों को मौजूदा नियम के अनुसार नहीं बदला जा सकता है। अब 2000 और 200 के नोटों को बदलने के लिए इस नियम में संशोधन अनिवार्य है। आरबीआई ने इसके लिए 2017 में वित्त मंत्रालय को पत्र भेजा था। लेकिन मंत्रालय से उस का कोई उत्तर अभी तक नहीं आया है। उम्मीद है कि जल्द सरकार इस नियम में संशोधन करेगी।