हितेश पंत (ऩई दिल्ली)
ओलंपिक पदक विजेता कर्नल राज्यवर्धन राठौर का बेटा भी पिता की राह पर चल निकला है। मानवादित्य राठौर भी निशेनाबाजी प्रतिस्पर्धा में देश का नाम रोशन कर रहा है। उन्होंने कतर में आयोजित ऑपन शॉटगन मीट में भारत की तरफ से शानदार प्रदर्शन करते हुए सिल्वर मेडल जीता है।
निशानेबाजी में देश को एक और प्रतिभावान खिलाड़ी मिल गया है। मानवादित्य राठौर की उम्र अभी 19 साल है और उन्होंने देश के लिए मेडल जीतना शुरू कर दिया है। कतर के लुसेल में आयोजित ऑपन शॉटगन मीट में वो भारत की तरफ से प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। पुरुष जुनियर ट्रैप स्पर्धा में हिस्सा लेते हुए उन्होंने सिल्वर मेडल जीता।
इस स्पर्धा में दुनिया के 11 युवा निशानेबाजों ने हिस्सा लिया। जिसमें मानवादित्य 118 अंकों के साथ दूसरे नंबर पर रहे। इसमें इटली के एंजेलो स्कॉलजोन ने 119 अंक हासिल करते हुए स्वर्ण पदक जीता है। जबकि जर्मनी के जेरेमी शुल्ज ने 115 अंकों के साथा कांस्य पदक पर कब्जा किया।
मानवादित्य राठौर अपने पिता राज्यवर्धन राठौर के नक्शेकदम पर चल निकले हैं। राज्यवर्धन राठौर बेहतरीन निशानेबाज हैं। साल 2004 ऑलंपिक्स में वे देश के लिए सिल्वर मेडल जीत चुके हैं। इसके अलावा कई अन्य खिताब भी उनके नाम हैं। राज्यवर्धन राठौर वर्तमान में भारत सरकार में युवा एवं खेल राज्य मंत्री हैं।


